दोस्तों आज की पोस्ट में हम आपको बताने वाले हैं कि अगर आप अपने Two Wheeler का Insurance करवाना चाहते हैं और सोच रहे हैं। कि आपको कौन सा इंश्योरेंस करवाना चाहिए तो उसके लिए आपको हमारी इस पोस्ट को अंत तक पढ़ना पड़ेगा आज की इस पोस्ट में हम आपको बताने वाले हैं। की बाइक इंश्योरेंस क्या है बाइक इंश्योरेंस कराने से हमें क्या फायदा होता है। और सबसे कम का बाइक इंश्योरेंस कौन होता है उसमें क्या-क्या कवरेज होते हैं। और अगर हमें अपनी गाड़ी का पूरा क्लेम लेना है। हमें कुछ भी पैसा अपने पास से नहीं देना है तब हमें कौन सा बीमा करवाना चाहिए।
हमारे एप्लीकेशन को जरूर डाउनलोड करें।
निचे दिये गए लिंक पैर CLICK करें और हमारा ऐप Loan Guide को डाउनलोड करें
कंप्रेहंसिव इंश्योरेंस किसे कहते हैं और इसमें क्या - क्या कबर होता है?
कंप्रेहंसिव इंश्योरेंस मे गाड़ी का ओन डैमेज पार्ट और गाड़ी का थर्ड पार्टी दोनों कबर होता है। और अगर आपको कुछ है एड ऑन लेना है तब उसके लिए आपको अलग से चार्ज देना पड़ता है वह अलग से ऐड किया जाता है।
इसे भी पढ़ें- Bike Loan लेते समय किन-किन बातों का ध्यान रखें
थर्ड पार्टी किसे कहते हैं और इसमें क्या खबर होता है?
थर्ड पार्टी इंश्योरेंस में केवल सामने सामने वाले को कवर किया जाता है। थर्ड पार्टी इंश्योरेंस में हमारी गाड़ी का ओन डैमेज पार्ट कवर नहीं होता है। आपकी 150 Cc तक की Two Wheeler का थर्ड पार्टी Insurance केवल मात्र 828 रु में हो जाता है। अगर आप अपनी किसी भी गाड़ी का इंश्योरेंस करवाना चाहते हैं। तब आप हमारे नंबर 8090717200 पर अपनी Rc Whatsapp कर सकते हैं।
एड ऑन कवरेज क्या होता है?
कुछ ऐसी सर्विसेज होती हैं जिनका पैसा हमें अलग से देना पड़ता है। तब वह हमारे इंश्योरेंस में ऐड होती हैं जैसे कि जीरो डिप्रेशिएशन कवर, कंज्यूमेबल पार्ट कवर, रिटर्न टू इनवाइट कवर, आदि
Zero डिप्रेशिएशन कबर क्या होता है और इसमें क्या - क्या कवर होता है?
अगर हम अपनी गाड़ी का इंश्योरेंस जीरो डिप्रेशिएशन कवर के साथ करवाते हैं। और इंश्योरेंस करवाने के कुछ दिन के अंदर हमारे गाड़ी में क्लेम आ जाता है तब हमे गाड़ी को सही करवाने के लिए केवल फाइल चार्ज ही देना पड़ता है। और सारा पैसा कंपनी पे करती है।
इसे भी पढ़ें – KreditBee Loan Apply Online
कंज्यूमेबल कवर क्या होता है और इसमें क्या क्या - कवर होता है?
अगर हम अपनी Two Wheeler Insurance कवर के साथ करवाते हैं। और हमारी गाड़ी पर क्लेम आ जाता है। उस कंडीशन में क्लेम के समय गाड़ी में लगने वाले छोटे-छोटे पार्ट्स जैसे - नट, बोल्ट, पैकिंग, इंजन ऑयल आदि ये सारे कंज्यूमेबल पार्ट होते हैं। अगर आप अपने इंश्योरेंस में कंज्यूमेबल कवर नहीं लेते हैं। और आपकी गाड़ी पर क्लेम आ जाता है। तब कंज्यूमेबल पार्ट्स का पैसा आपको अपने जेब से देना पड़ता है। और अगर यह कवर लेते हैं तब इस पैसे को कंपनी पे करती है।
रिटर्न टू इनवाइट क्या होता है और इसमें क्या - क्या कवर होता है?
अगर हम अपनी गाड़ी का इंश्योरेंस करवाते समय रिटर्न टू इनवॉइस ऐडऑन लेते हैं और अगर हमारी गाड़ी टोटल लॉस में चली जाती है। जैसे की चोरी हो जाती है या एक्सीडेंटल पूरी तरह से खत्म हो जाती है। उस कंडीशन में इंश्योरेंस कंपनी हमारी इनवॉइस वैल्यू हमें वापस कर देती है।
इसे भी पढ़ें – Mobikwik Se Loan Kaise le – How To Apply MobiKwik Loan
दोस्तों आज की पोस्ट मैं हमने Two Wheeler के बारे में जाना हमने जाना कि कंप्रेहंसिव इंश्योरेंस क्या होता है, थर्ड पार्टी इंश्योरेंस क्या होता है, कंज्यूमेबल पार्ट्स क्या होते हैं, जीरो डिप्रेशिएशन क्या होता है, रिटर्न टू इनवॉइस क्या होता है दोस्तों अगर आपको हमारी यह पोस्ट अच्छी लगी हो तो अपने दोस्तों के साथ शेयर जरूर करें और अगर आप इंश्योरेंस करवाना चाहते हैं तो हमसे Whatsapp द्वारा जरूर संपर्क करें हमारा Whatsapp 8090717200 है।

0 टिप्पणियाँ